@ravishankarbairagi
58 пользователейबन जुगनू जगमग कर जाएं, आओ मन का दीप जलाएं भेद भाव की छोड़ बुराई, भर मन में अपने अच्छाई दिल में जो अंधकार भरा है, दीपक दिल में बुझा पड़ा है दिल से नफ़रत द्वेष मिटाएं , आओ मन का दीप जलाएं
बन जुगनू जगमग कर जाएं, आओ मन का दीप जलाएं भेद भाव की छोड़ बुराई, भर मन में अपने अच्छाई दिल में जो अंधकार भरा है, दीपक दिल में बुझा पड़ा है दिल से नफ़रत द्वेष मिटाएं , आओ मन का दीप जलाएं